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किरायेदार की मस्त बीवी की जबरदस्त चुदाई

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प्रेषक :- विपिन…

हाय फ्रेंड्स, मेरा नाम विपिन है मेरी उम्र 28 साल की है और मैं सतारा में काम करता और यहीं रहता हूँ। दोस्तों मैं भी आप सभी की तरह ही कामलीला डॉट कॉम का एक नियमित पाठक हूँ और मुझको इस वेबसाइट सभी कहानियाँ बहुत ही ज्यादा अच्छी लगती है। हाँ तो दोस्तों अब मैं आप सभी को अपने बारे में थोड़ा कुछ बता देता हूँ, मैं एक लम्बा और स्मार्ट सा दिखने वाला बंदा हूँ और मैं एक बड़ी कम्पनी में मैंनेजर की पोस्ट पर काम करता हूँ। अब मैं आप सभी का ज्यादा समय ना लेते हुए सीधा मेरी आज की कहानी पर आता हूँ जो कि, मेरे साथ 2 साल पहले घटी घटना पर आधारित है।

दोस्तों मैं अपने ऑफिस की छुट्टियों में जब 1 महीने के लिये अपने घर इन्दौर गया हुआ था  मेरा घर बहुत बड़ा है जिसमें 4 परिवार किराये से रहते है, जिनमें से दो परिवार तो ग्राउंड फ्लोर पर और दो फर्स्ट फ्लोर पर रहते है। मेरे घर में सिर्फ़ मेरे मम्मी और पापा ही रहते है और जब मैं वहाँ जाता हूँ तो मैं उनके साथ ही रहता हूँ। घर जाने के एक दिन बाद मैं हॉल में बैठकर अपने लेपटॉप में मैल चेक कर रहा था कि, अचानक से एक प्यारी सी आवाज़ आई, “आंटी कहाँ हो आप” मैं अन्दर आ जाऊँ क्या? और फिर मेरी मम्मी ने अन्दर आने के लिए कहा और मैं दरवाज़े की तरफ यह देख रहा था कि, इतनी प्यारी आवाज़ किसकी हो सकती है? और फिर जब वह अन्दर आई तो क्या बताऊँ मैं तो बस उसको देखता ही रह गया था, दोस्तों वह एकदम गोरी-चिट्टी और अच्छे फिगर वाली और नई-नई शादी-शुदा लड़की थी और उसके बब्स तो बहुत ही कमाल के थे और उसका फिगर 34-28-36 का बहुत ही सेक्सी था। मैं तो बस उसको देखता ही रह गया था, दोस्तों उसका नाम पूजा था। और फिर मैंने उसको देखा और उसने मुझको देखा, लेकिन वह मुझको बस एक नज़र देखते हुए वह अन्दर मम्मी के पास चली गई थी और अन्दर जाकर मम्मी के साथ बातें करने लगी वह कोई चीज़ पकाना चाहती थी तो उसको बनाते कैसे हैं? वह यह पूछने के लिए आई थी और फिर थोड़ी देर के बाद वह चली भी गई थी और जाते वक्त फिर से हमारी नज़रें मिली थी। उसके जाने के बाद मैंने मम्मी को उसके बारे में पूछा तो मम्मी ने मुझको बताया कि, वह हमारे ही घर में किराये पर कमरा लेकर रहती है और उसकी 6 महीने पहले ही शादी हुई है और वह नये-नये ही यहाँ पर आए हैं। मैं तो तब बहुत खुश हुआ जब मम्मी ने मुझको बताया कि, वह फर्स्ट फ्लोर पर मेरे कमरे के बगल वाले कमरे में रहती है।

दोस्तों पूजा को देखते ही मेरे मन में उसके लिए घंटियाँ बजने लग गई थी और अब मैं उसको पटाना चाहता था और उसके लिए मैं सारी कोशिशे भी कर रहा था। वह मुझसे उम्र में 2 साल छोटी थी और उसकी और मेरी बालकनी एक ही थी। और फिर तो मैं रोज ही थोड़ा जल्दी उठकर बालकनी में कुर्सी पर बैठा रहता था, कभी अखबार पढ़ने के बहाने से तो कभी लेपटॉप लेकर मैल चेक करने के बहाने से और जब भी मुझको उसको देखने का मौका मिलता था तो मैं तो बस उसको देखता ही रहता था। उसका पति बिल्कुल ढीला सा था और वह किसी भी कोने से उसके लायक नहीं लगता था, वह सुबह 8 बजे अपने काम पर निकलता था तो सीधा रात को 9-10 बजे ही घर वापस आता था। दोस्तों दिनभर पूजा घर में अकेली ही रहती थी 3–4 दिन हो गए थे मुझको उसको ऐसे देखते हुए और अब तक वह भी शायद समझ गई थी कि, मैं उसको ताकता रहता हूँ और फिर एक दिन उसके पति के अपने काम पर जाने के थोड़ी देर बाद वह टावल सुखाने के लिए बालकनी में आई तो उसको अकेला देखकर मैंने उससे बात करनी शुरू कर दी थी, 5-7 मिनिट तक उससे बात करने के बाद वह अन्दर चली गई थी, और मैं उससे बात करके बहुत खुश हुआ था। और फिर तो हम जब भी एक-दूसरे को देखते थे तो मुस्कुरा देते थे। 5-6 दिनों तक रोज बात करके अब तक हम दोनों आपस में एकदूसरे से खुल गए थे और हम दोनों को यह भी पता था कि, हम एकदूसरे की तरफ आकर्षित भी हो रहे हैं लेकिन कोई भी पीछे नहीं हट रहा था और फिर अगले ही दिन मेरा नसीब भी खुल गया था। उसका कूलर जो बालकनी की खिड़की में लगा हुआ था वह खराब हो गया तो मैं जब बाहर निकला तो वह उसके कूलर को देख रही थी उस समय मैंने उससे पूछा कि, क्या हुआ तो उसने बताया कि, यह अचानक ही चलना बन्द हो गया है तो फिर मैंने उसको बोला कि, ठीक है मैं देखता हूँ और उसको मैंने बोला कि, आप अन्दर कूलर के सामने बैठ जाओ और जब मैं कहूँगा तब आप बटन चालू करना। और फिर वह अन्दर चली गई थी और जाकर कूलर के सामने बैठ गई थी।

और फिर मैंने उसके कूलर का पिछला हिस्सा खोला और अब वह मुझको खिड़की से अन्दर मेरे सामने बैठे हुए दिख रही थी उसने उस वक्त लाल रंग का एक गाऊन पहना हुआ था जिसका गला थोड़ा बड़ा था जिसमें से वह इतनी सेक्सी दिख रही थी कि, क्या बताऊँ. और फिर मैंने उसको बटन चालू करने के लिए कहा और वह कूलर के बिल्कुल सामने बेड पर बैठी थी और फिर वह बटन चालू करने के लिए जैसे ही झुकी तो उसके गोरे और बड़े बब्स मुझको दिख गए थे। वह बिल्कुल दूध जैसे सफेद थे और उसने जो टाइट ब्रा पहनी थी उससे उसके बब्स के बीच में जो जगह दिख रही थी उसके बारे में आपको क्या बताऊँ वह आज भी मुझको मेरी आँखों के सामने नज़र आती है। और फिर मैं वैसे ही कूलर को ठीक करने का बहाना करके उसके बब्स को देखता रहा और फिर मैंने उसको कहा कि, शायद बटन में ही दिक्कत है आप उसको थोड़ा दबाकर रखो. और फिर वह झुककर उसको दबाकर रखे हुए थी और मैं उसके बब्स देख रहा था कि, अचानक से उसने नज़र उठाई और उसने मुझको उसके बब्स को देखते हुए देख लिया और फिर बटन को छोड़कर अपना गाऊन पीछे किया। लेकिन उस वक्त उसके चेहरे से मुझको ऐसा लगा कि, मेरा उसके बब्स को देखना शायद उसको भी अच्छा लग रहा था और फिर मैंने हिम्म्त करके बोल ही दिया कि, रहने दो ना वैसे ही बहुत अच्छा लग रहा है। और फिर उसने हँसते हुए मुझसे बोला कि, “चुप करो पागल कहीं के” और फिर वह मेरी तरफ देखने लगी और फिर हम एकदूसरे को एक टक देख रहे थे और फिर जैसे ही मैं उसकी तरफ मुस्कुराया तो वह भी शरमाकर हँसते हुए नीचे देखने लगी। और फिर मैंने फटाफट कूलर के बटन में तार को जोड़ा और फिर पीछे से कूलर को बन्द करके अन्दर चला गया और उसके सामने पास में जाकर बैठ गया और वह अब भी शरमाकर नीचे देख रही थी। और फिर मैंने हल्के से उसके मुहँ को ऊपर उठाया और फिर हम एकदूसरे को देखने लगे और मैंने उसको प्यार से “आई.लव.यू.” कह दिया तो वह चुप-चाप मुझको देखती रही। और फिर मैं थोड़ा सा आगे बढ़ा और उसके होठों पर अपने होठों को रखकर किस करने की कोशिश करी तो उसने पीछे हटकर मुझको मना कर दिया था। और फिर मैंने उसका हाथ प्यार से अपने हाथ में लिया और फिर उसकी थोड़ी तारीफ़ करी तो वह थोड़ी खुश हुई और फिर मैंने फिर से उसको किस किया तो पहले तो उसने मुझको कुछ भी नहीं कहा पर बाद में वह भी मुझको किस करने लगी और फिर हम दोनों पूरा एकदूसरे के मुहँ में मुहँ डालकर गहरा किस कर रहे थे।

और फिर मैंने किस करते-करते अपना हाथ उसके बब्स पर रखा तो उसने मेरा हाथ पकड़ लिया पर मैं माना नहीं और उसके गाऊन के ऊपर से ही उसके बब्स को दबाने लगा तो अब वह भी गरम हो चुकी थी और वह लम्बी-लम्बी साँसें छोड़ते हुए आवाज़ कर रही थी और पागलों के जैसे मुझको किस कर रही थी। और फिर मैंने उसको खड़ा किया और उसका गाऊन ऊपर उठाया तो उसने उसके अन्दर लाल रंग की ही पैन्टी और ब्रा पहन रखी थी और वह भी बहुत ही खूबसूरत डिज़ाइन वाली जिसमें वह क्या सेक्सी दिख रही थी। और फिर मैंने उसका गाऊन निकालकर अलग कर दिया था और अब वह मेरे सामने ब्रा और पैन्टी में ही खड़ी थी और वह शरमा रही थी और फिर मैंने उसको फिर से अच्छे से किस किया और किस करते-करते नीचे उसके बब्स पर भी किस करने लगा तब तक उसने भी मेरी शर्ट के बटन खोल दिए थे। और फिर मैंने धीरे से उसकी ब्रा भी निकाली तो क्या बताऊँ मैं तो बस उसके बब्स को देखकर तो मेरे होश ही उड़ गए थे। दोस्तों मैं पहलीबार इतने सुडोल बब्स देख रहा था और फिर मैं पागलों की तरह उसके बब्स को दबाता जा रहा था और फिर मैं उसके बब्स के निप्पल को अपने मुहँ में लेकर उनको चूसने लगा तो वह भी उत्तेजना में आकर पागलों की तरह मेरे बालों को पकड़कर किस कर रही थी और बोले जा रही थी कि, और दबाओ जान आज खुश कर दो मुझको आज से मैं तुम्हारी ही बीवी हूँ, करो जैसा तुम चाहते हो पर तुम मुझको खुश कर दो। और फिर मैं उसके बब्स को दबाते-दबाते मैं नीचे किस करता हुआ गया और फिर मैं उसकी पैन्टी के पास पहुँचा तो उसकी पैन्टी गीली हो गई थी। और फिर मैंने धीरे से उसकी पैन्टी नीचे खिसकाई तो मैंने देखा कि, उसकी चूत एकदम गोरी-गोरी और साफ़ थी और फिर जैसे ही मैंने उसकी पैन्टी को उतारा तो मैं पागलों की तरह से उसकी चूत को चाटने लग़ा जिससे वह अब पूरी तरह से गर्म हो गई थी और वह मेरे बालों को खींचते हुए मुझसे बोली कि, मेरे राजा अब मुझसे और सब्र नहीं होता कुछ करो ना, लेकिन मैं फिर भी नहीं माना और मैं और जोर से उसकी चूत को चाटने लगा और मैंने अपनी ज़बान जैसे ही उसकी चूत में डाली तो वह पागल सी हो गई थी और वह मुझसे बोली कि, बस भी करो नहीं तो मैं अपना सारा पानी तुम्हारे मुहँ में ही छोड़ दूँगी और फिर वह उठकर बैठ गई और फिर वह मुझको पागलों की तरह किस करने लगी और फिर वह मुझसे बोली कि, अब मुझको भी कुछ करने दो ना। दोस्तों यह कहानी आप कामलीला डॉट कॉम पर पढ़ रहे है।

और फिर उसने मुझको खड़ा करके मेरे कपड़े उतारना शुरू किए और अब तक मेरा लंड पूरी तरह से खड़ा हो गया था जो कि, 7” लम्बा और 3” मोटा है और फिर जैसे ही उसने मेरी अंडरवियर उतारी तो मेरा लंड उसके सामने आ गया था और उसको देखते ही उसकी आखें बड़ी हो गई थी और उसने बड़े ही प्यार से मेरी तरफ देखा और फिर वह मेरे लंड को पकड़कर अपने हाथ से आगे-पीछे करने लगी, तो फिर मैंने उसको बोला कि, इसको अपने मुहँ में ले लो. तो फिर वह मेरी तरफ देखते हुए बड़े ही प्यार से मेरा लंड अपने मुहँ में लेने लगी और फिर वह उसको आगे पीछे करने लगी उस समय कसम से क्या बताऊँ मैं तो सातवें आसमान पर था। और फिर थोड़ी देर तक अपना लंड चुसवाने के बाद मैंने उसको बिस्तर पर लिटाया और फिर मैं उसके ऊपर चढ़ गया था और फिर मैं उसको खूब किस करने लगा तो उसने मुझको बोला कि, “डार्लिंग अब मुझसे और सब्र नहीं होता प्लीज़ अब तो डाल दो ना इसको मेरी चूत में” और फिर जैसे ही मैंने उसकी चूत पर अपना लंड रखा तो उसने मुझको रोक लिया और बोला कि, थोड़ा धीरे से करना इतना बड़ा लंड मैं आज पहलीबार देख रही हूँ। और फिर मैंने उसको ठीक है कहते हुए अपने लंड का टोपा उसकी चूत में डाला उतने में ही उसकी आँखें बड़ी हो गई थी और फिर मैंने एक झटका मारा तो उसकी थोड़ी चीख भी निकल गई थी और मैं रुक गया था और फिर मैं धीरे-धीरे अपने लंड को आगे पीछे करने लगा। और फिर थोड़ी देर के बाद मैंने एक और जोरदार झटका मारा तो उसकी एक और चीख निकल गई थी तो मैंने उसके मुहँ पर अपना हाथ रख दिया था पर तब तक मेरा आधा लंड उसकी चूत के अन्दर जा चुका था। और फिर वह अब अपनी गर्दन हिलाकर ना ना बोल रही थी और मैं धीरे-धीरे आगे पीछे कर रहा था और अब उसकी चूत पूरी तरह से गीली हो गई थी और मेरा आधा लंड खूब मस्ती में आगे पीछे हो रहा था। और अब वह भी थोड़ी ठीक हो गई थी तब मैंने एक और जोरदार झटका मारा और पूरा का पूरा लंड उसकी चूत में सरर… करते हुए घुसेड दिया था जिससे उसकी चीख निकल गई थी और उसने मुझको बुरी तरह से जकड़ लिया था। और अब मैं थोड़ी देर वैसे ही पड़ा रहा बिना अपने लंड को हिलाए और फिर जब वह थोड़ी शान्त हुई तो मैं अपना लंड धीरे-धीरे आगे पीछे करने लगा और अब उसे भी मज़ा आने लग गया था।

मेरा पूरा लंड जब उसकी चूत में था तब तो मैं सातवे आसमान पर था और वह भी मुझको बहुत प्यार से देख रही थी और फिर वह अपनी आँखें बन्द करके मज़े लेने लग गई थी और  अब वह बड़ी ही मादक सी आवाज़े भी निकाल रही थी आहह… मेरे राजा आज तूने तो मुझको खुश कर दिया है, क्या मस्त लंड है तुम्हारा आहह… और ज़ोर से मेरे राजा तुम्हारी यह बीवी कब से ऐसी ही चुदाई के लिए तड़प रही थी मेरी जान आहहह… और फिर लगातार 20-25 मिनट की चुदाई के बाद वह झड़ गई थी और फिर उसके साथ में मैं भी झड़ने वाला था तो उसने मुझको पकड़ा और बोला कि, डाल दो अपना पूरा माल अन्दर ही बहुत प्यासी है मेरी चूत और आज तुम इसकी प्यास बुझा दो मेरे राजा, आज से मैं तुम्हारी ही हूँ। और फिर मैंने अपनी चुदाई की स्पीड बढ़ाई और उसकी चूत के अन्दर ही अपना पूरा पानी छोड़ दिया था।  और फिर हम दोनों एकदूसरे को कसके पकड़कर लिपटकर कुछ देर तक किसी से बिना कुछ बोले हुए एकदम शान्त पड़े रहे और फिर थोड़ी देर में फिर मैंने उसकी तरफ देखा तो वह बहुत खुश लग रही थी और फिर उसने मुझको किस करना शुरु कर दिया था और हमने बहुत देर तक किस किया और फिर वह मुझसे बोली कि, तुम बहुत अच्छे हो, आज वाकई में तुमने मुझको खुश कर दिया है और मेरी सारी इच्छा भी पूरी कर दी है।

दोस्तों उस दिन हमने दिन में ही दो बार सेक्स किया था और फिर जब तक मैं वहाँ रहा रोज ही सुबह से शाम तक उसको 3 से 4 बार चोद डालता था और जब भी उसका पति रात को वापस ना आने वाला होता था तो मैं रातभर भी उसको चोदता रहता था और यह सिलसिला अब भी चलता आ रहा है और हम फोन पर भी बातें करते रहते है। और जब भी मैं छुट्टी पर अपने घर जाता हूँ तो मैं उसकी खूब जमकर चुदाई करके आता हूँ।

धन्यवाद कामलीला के प्यारे पाठकों !!

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